Join Group☝️

उत्तराखंड के रुद्रप्राययाग पर भी छाया जोशीमठ जैसा संकट, इसरो ने जारी की चिंताजनक रिपोर्ट्स

उत्तराखंड का जोशीमठ अभी आपदा से उबार नहीं पाया है . यहाँ लाखों परिवार बेघर हो गए और रहत श्विरों रह रहे रहे हैं . इसी बेच एक और बड़ी खबर सामने आयी है . जिसमे इसरो द्वारा एक  रिपोर्ट जारी की गई  है . जिस ने उत्तराखंड को चिंता में डाल दिया है।

इसरो की रिपोर्ट्स की माने तो , उत्तराखंड के रुद्रप्रयाग  जिला इस समय देश में भूस्खलन के खतरे में सबसे ऊपर रिपोर्ट किया गया है  है। जहाँ पर धरती में दरों में हलचल की संभावनाएं सबसे जयदा बताई रही है । जिससे हज़ारों लोगोंके जीवन पर संकट मंडरा रहा है ।

Road of Gharwal Valley Uttarakhand Editorial Photography - Image of lonlly,  treerainbow: 168377017


एनआरएससी ने एक भूस्खलन नक्शा रिपोर्ट जारी की है, जिसमें पता चलता है कि टिहरी (भारत का एक जिला) भूस्खलन जोखिम के मामले में देश के 10 सबसे ज्यादा प्रभावित जिलों में दूसरे स्थान पर है। इसका मतलब है कि इस क्षेत्र में भूस्खलन होने की अधिक संभावना है।

Heavy rain in Uttarakhand triggers landslide, cloudburst; kills 9 | Skymet Weather Services

रिपोर्ट के अनुसार 147 जिलों में  उत्तराखंड सभी तेरह जिले शामिल हैं। भूस्खलन जोखिम के मामले में चमोली देश में 19वें स्थान पर है। उत्तरकाशी देश में 21वें, पौड़ी गढ़वाल में 23वें और देहरादून जिले में 29वें स्थान पर है।

Uttarakhand: ISRO report reveals... Rudraprayag and Tehri district most prone to landslides in the country - Satlok Express

एनआरएससी के भूस्खलन जोखिम विश्लेषण में पड़ोसी राज्य हिमाचल प्रदेश के 146 जिलों में से 11 जिले शामिल हैं। हिमाचल में मंडी जिला भूस्खलन के लिए सबसे अधिक संवेदनशील क्षेत्र है।

ISRO report: જોશીમઠની જેમ આ વિસ્તારોમાં પણ થઈ શકે છે ભૂસ્ખલન, ISRO એ બહાર પાડી યાદી, જાણો શું છે ગુજરાતની સ્થિતિ?

देश में इस जिले की रैंक 16वीं है। 25वें स्थान पर हमीरपुर, 30वें स्थान पर बिलासपुर, 32 स्थान पर चंबा, 37वें स्थान सोलन, 46वें स्थान पर किन्नौर, 57वें पर कुल्लू, 61वें पर शिमला, 70वें पर ऊना, 88वें पर सिरौमर और 126वें स्थान पर लाहौल  है।

Uttarakhand's Rudraprayag And Tehri Are The Most Landslide-Prone Districts In India: ISRO Data

आपको बता दें भूस्खलन जोखिम विश्लेषण भारत में 16 वीं रैंक वाला जिला हमीरपुर है। बिलासपुर 25वें, चंबा 32वें, सोलन 37वें, किन्नौर 46वें, कुल्लू 57वें, शिमला 61वें, ऊना 70वें, सिरौमार 88वें और लाहौल 126वें स्थान पर है।

Uttarakhand:सुरंग निर्माण से रुद्रप्रयाग में भू-धंसाव, 45 परिवारों ने छोड़े घर, स्कूल भवन जमींदोज - Landslide In Rudraprayag Maroda Village Due To Tunnel Construction 45 Families Of ...

जम्मू 14वें स्थान पर, उधमपुर 17वें स्थान पर, पुलवामा 27वें स्थान पर, कठुआ 42वें स्थान पर, अनंतनाग 52वें स्थान पर, बारामूला 58वें स्थान पर, दोजा 79वें स्थान पर, श्रीनगर 98वें स्थान पर है, बड़गाम 119वें स्थान पर है, कारगिल 123वें स्थान पर है, कारगिल 132वें स्थान पर है और लेह लद्दाख जिला 136वें स्थान पर है.

Rudraprayag History In Hindi | Uttarakhand | Places To Enjoy

रुद्रप्रयाग एक ऐसा जिला है जहां भूस्खलन घनत्व सबसे अधिक  है, इसलिए यह इन आपदाओं से होने वाली क्षति के लिए विशेष रूप से संवेदनशील है।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

दून की शैफाली ने होम डेकॉर को दिया नया रूप , देखकर बन जायगा आपका दिन उत्तराखंड के इस अद्भुत मंदिर में पातालमुखी हैं शिवलिंग,यही माता सती ने त्यागे थे प्राण इस मतलबी दुनिया में ये बैंक भर रहा है भूखे,असहाय लोगों का पेट , हल्दवानी के इस बैंक को आप भी कीजिये सलाम सिलबट्टे को पहाड़ी महिलाओं ने बनाया स्वरोजगार , दिया खाने में देशी स्वाद का तड़का श्री नानकमत्ता साहिब गुरुद्वारा है सिखों का तीसरा सबसे पवित्र तीर्थ स्थल, जानिए क्या इसकी खासियत